OYO IPO: PRISM ₹6,650 करोड़ जुटाने की तैयारी में, SEBI के पास अपडेटेड DRHP दाखिल
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हॉस्पिटैलिटी सेक्टर की दिग्गज कंपनी OYO की पैरेंट कंपनी PRISM एक बार फिर शेयर बाजार में उतरने की तैयारी कर रही है। कंपनी ने सेबी के पास अपना अपडेटेड ड्राफ्ट रेड हेरिंग प्रॉस्पेक्टस (UDRHP) दाखिल कर दिया है और इस बार वह करीब ₹6,650 करोड़ का आईपीओ लाने की योजना बना रही है।
पूरा IPO फ्रेश इश्यू होगा, OFS नहीं
इस IPO की सबसे खास बात यह है कि यह पूरी तरह फ्रेश इश्यू होगा। यानी कंपनी नए शेयर जारी करके पैसा जुटाएगी और पूरी राशि सीधे कंपनी के पास जाएगी। इसमें किसी भी मौजूदा निवेशक द्वारा शेयर बेचने का ऑफर (OFS) शामिल नहीं है। SoftBank, Microsoft, Airbnb, Peak XV, Lightspeed, Greenoaks Capital और संस्थापक रितेश अग्रवाल सहित किसी भी बड़े निवेशक ने इस इश्यू में अपनी हिस्सेदारी बेचने की योजना नहीं बनाई है। इससे संकेत मिलता है कि निवेशकों का कंपनी के भविष्य पर भरोसा बरकरार है।
IPO से कर्ज घटाने पर होगा फोकस
PRISM ने बताया है कि IPO से जुटाई गई रकम में से लगभग ₹4,987.5 करोड़ का उपयोग कंपनी अपने मौजूदा कर्ज को कम करने में करेगी। बाकी राशि का इस्तेमाल कारोबार विस्तार और सामान्य कॉर्पोरेट जरूरतों के लिए किया जाएगा। फिलहाल कंपनी पर करीब ₹7,485 करोड़ का कर्ज है, जिसे IPO के बाद काफी हद तक कम किया जा सकता है।
तेजी से बढ़ता ग्लोबल हॉस्पिटैलिटी बिजनेस
OYO अब केवल होटल बुकिंग प्लेटफॉर्म नहीं रह गया है। PRISM खुद को एक ग्लोबल टेक्नोलॉजी-आधारित हॉस्पिटैलिटी कंपनी के रूप में पेश कर रही है। कंपनी का कारोबार 35 से ज्यादा देशों में फैला हुआ है और इसके पास 43 ब्रांड्स का पोर्टफोलियो है जिसमें होटल, वेकेशन होम, सर्विस्ड अपार्टमेंट और लॉन्ग-स्टे प्रॉपर्टीज शामिल हैं। 31 दिसंबर 2025 तक कंपनी के नेटवर्क में 24,303 होटल, 1,24,668 होम्स और 1,44,583 लिस्टिंग्स शामिल थीं। भारत में इसके 14,937 स्टोरफ्रंट्स हैं और अब तक कंपनी करीब 11.94 करोड़ यूनिक ग्राहकों को सेवा दे चुकी है।
वित्तीय प्रदर्शन में बड़ा सुधार
PRISM की वित्तीय स्थिति में भी मजबूत सुधार देखा गया है। FY26 के पहले नौ महीनों में कंपनी का ऑपरेशनल रेवेन्यू बढ़कर ₹6,941 करोड़ पहुंच गया, जबकि FY25 में यह ₹6,259 करोड़ था। इसी अवधि में कंपनी का नेट प्रॉफिट ₹245 करोड़ से बढ़कर ₹748 करोड़ हो गया जबकि EBITDA ₹953 करोड़ से बढ़कर ₹2,127 करोड़ तक पहुंच गया। यह कंपनी की मजबूत ऑपरेटिंग परफॉर्मेंस को दर्शाता है।
विदेशी बाजार बना ग्रोथ का इंजन
OYO की कमाई में अब बड़ा बदलाव देखने को मिल रहा है। कंपनी की लगभग 84% कमाई भारत के बाहर से आ रही है। इसमें अमेरिका का योगदान करीब 27% और यूरोप का 24% है। इससे साफ है कि कंपनी का ग्रोथ इंजन अब ग्लोबल मार्केट बन चुका है।
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S&P ने बढ़ाया भरोसा
रेटिंग एजेंसी S&P Global ने PRISM की क्रेडिट रेटिंग ‘B’ पर बरकरार रखते हुए आउटलुक को Stable से Positive कर दिया है। एजेंसी का कहना है कि कंपनी की कमाई में सुधार, मजबूत कैश फ्लो और IPO के बाद कर्ज में संभावित कमी से इसकी वित्तीय स्थिति और मजबूत होगी।
