ITC Annual Report: कंपनी के FMCG प्रोडक्ट्स पर ग्राहकों का खर्च ₹37,000 करोड़ के पार, एक साल में लॉन्च किए 100 नए प्रोडक्ट
ITC
भारत की प्रमुख FMCG कंपनी ITC ने अपनी सालाना रिपोर्ट में बताया है कि वित्त वर्ष 2025-26 के दौरान उसके FMCG प्रोडक्ट्स पर ग्राहकों का कुल खर्च 8.8% बढ़कर ₹37,000 करोड़ से अधिक पहुंच गया। कंपनी के अनुसार अब उसके प्रोडक्ट्स देशभर के करीब 28 करोड़ घरों तक पहुंच चुके हैं। लगातार बढ़ती मांग और नए प्रोडक्ट्स की वजह से ITC का FMCG कारोबार तेजी से विस्तार कर रहा है।
लगातार बढ़ रहा है ग्राहकों का खर्च
ITC की रिपोर्ट के मुताबिक पिछले तीन वर्षों में उसके FMCG प्रोडक्ट्स पर ग्राहकों का खर्च लगातार बढ़ा है।
- वित्त वर्ष 2023 में यह आंकड़ा करीब ₹29,000 करोड़ था।
- वित्त वर्ष 2024 में यह 12% बढ़कर लगभग ₹32,500 करोड़ पहुंच गया।
- वित्त वर्ष 2025 में यह करीब ₹34,000 करोड़ रहा।
- वहीं वित्त वर्ष 2026 में यह बढ़कर ₹37,000 करोड़ के पार पहुंच गया।
- कंपनी ने FY23 से FY25 के बीच उपभोक्ता खर्च में लगभग ₹5,000 करोड़ की बढ़ोतरी दर्ज की है।
एक साल में लॉन्च किए 100 नए प्रोडक्ट
ITC ने वित्त वर्ष 2026 के दौरान अलग-अलग कैटेगरी में लगभग 100 नए प्रोडक्ट बाजार में उतारे। कंपनी का कहना है कि नए प्रोडक्ट्स और लगातार बढ़ते वितरण नेटवर्क की वजह से उसकी पहुंच तेजी से बढ़ रही है।
FMCG कारोबार से 24,209 करोड़ रुपये का रेवेन्यू
रिपोर्ट के अनुसार कंपनी के FMCG बिजनेस का रेवेन्यू वित्त वर्ष 2026 में 10.1% बढ़कर ₹24,209.75 करोड़ रहा। हालांकि ITC के लिए सबसे बड़ा कारोबार अब भी सिगरेट बिजनेस बना हुआ है। इस सेगमेंट से कंपनी को ₹37,099.65 करोड़ का रेवेन्यू मिला, जो उसके कुल ₹80,867.49 करोड़ के सकल राजस्व का करीब 45.9% है।
इन ब्रांड्स का बाजार में दबदबा
ITC के FMCG पोर्टफोलियो में 30 से ज्यादा बड़े ब्रांड शामिल हैं। इनमें प्रमुख हैं
- आशीर्वाद
- बिंगो
- सनफीस्ट
- क्लासमेट
- यिप्पी
- मंगलदीप
- फिआमा
कंपनी के मुताबिक
- आशीर्वाद ब्रांडेड आटा कैटेगरी में नंबर-1 है।
- बिंगो स्नैक्स के ब्रिजेस सेगमेंट में अग्रणी है।
- सनफीस्ट क्रीम बिस्किट कैटेगरी में शीर्ष स्थान पर है।
- क्लासमेट नोटबुक सेगमेंट में नंबर-1 बना हुआ है।
- यिप्पी नूडल्स और मंगलदीप अगरबत्ती अपने-अपने बाजार में दूसरे स्थान पर हैं।
70 से ज्यादा देशों में बिक रहे हैं ITC के प्रोडक्ट
ITC ने बताया कि उसके FMCG प्रोडक्ट अब भारत के अलावा 70 से अधिक देशों में उपलब्ध हैं। कंपनी अंतरराष्ट्रीय बाजारों में भी अपने कारोबार का लगातार विस्तार कर रही है।
कच्चे माल की बढ़ती लागत बनी चुनौती
कंपनी ने अपनी रिपोर्ट में यह भी कहा कि पश्चिम एशिया में जारी तनाव के कारण कच्चे माल और ईंधन की लागत बढ़ रही है। इससे आने वाले समय में महंगाई का दबाव बढ़ सकता है। इसके बावजूद ITC का कहना है कि वह लागत पर नियंत्रण रखने और कारोबार की विकास दर बनाए रखने के लिए लगातार कदम उठा रही है।
नंबर-1 FMCG कंपनी बनने पर फोकस
ITC का लक्ष्य उन कैटेगरी में तेजी से विस्तार करना है जहां अभी प्रति व्यक्ति खपत कम है। कंपनी का मानना है कि नए प्रोडक्ट्स, मजबूत वितरण नेटवर्क और बढ़ती मांग के दम पर वह आने वाले वर्षों में भारत की सबसे बड़ी FMCG कंपनी बनने की दिशा में तेजी से आगे बढ़ सकती है।
