₹5,000 से शुरू होगा Zerodha का नया Arbitrage Fund, जानिए कैसे काम करेगा और कितना जोखिम
Zerodha Arbitrage Fund
Zerodha Fund House ने निवेशकों के लिए नया Zerodha Arbitrage Fund लॉन्च किया है। यह एक ओपन-एंडेड इक्विटी स्कीम है, जिसका मकसद शेयर बाजार में सीधे तेजी या गिरावट का अनुमान लगाने के बजाय कैश और फ्यूचर्स मार्केट के बीच कीमतों के अंतर से कमाई के मौके तलाशना है। इस फंड में निवेश की न्यूनतम राशि ₹5,000 रखी गई है। यह फंड उन निवेशकों के लिए एक विकल्प हो सकता है, जो अपनी अतिरिक्त रकम को अपेक्षाकृत कम अवधि के लिए निवेश करना चाहते हैं और सामान्य इक्विटी फंड की तुलना में बाजार के उतार-चढ़ाव का कम असर चाहते हैं। हालांकि, इसका मतलब यह नहीं है कि फंड पूरी तरह जोखिम-मुक्त है।
Arbitrage Fund क्या होता है?
Arbitrage Fund का तरीका सामान्य इक्विटी फंड से थोड़ा अलग होता है। इसमें फंड मैनेजर किसी शेयर की कीमत बढ़ने का इंतजार करने के बजाय कैश और फ्यूचर्स मार्केट में मौजूद कीमत के अंतर का फायदा उठाने की कोशिश करता है। उदाहरण के लिए, मान लीजिए किसी कंपनी का शेयर कैश मार्केट में ₹1,000 पर कारोबार कर रहा है, जबकि उसी शेयर का फ्यूचर्स कॉन्ट्रैक्ट ₹1,020 पर है। ऐसी स्थिति में फंड कैश मार्केट में शेयर खरीदकर उसी समय फ्यूचर्स में उसे बेच सकता है। बाद में जब दोनों कीमतों के बीच का अंतर खत्म होता है, तो शुरुआती अंतर से रिटर्न कमाने की कोशिश की जाती है। इसमें ट्रांजैक्शन कॉस्ट और दूसरे खर्चों को भी ध्यान में रखना होता है।
फंड में कम से कम 65% इक्विटी और उससे जुड़े निवेश
Zerodha Arbitrage Fund अपने पोर्टफोलियो का कम से कम 65% हिस्सा इक्विटी और इक्विटी से जुड़े इंस्ट्रूमेंट्स, जिसमें डेरिवेटिव्स भी शामिल हैं, में निवेश करेगा। अगर बाजार में बेहतर arbitrage opportunities उपलब्ध नहीं हैं, तो फंड अपनी निवेश रणनीति के अनुसार रकम का एक हिस्सा शॉर्ट-टर्म डेट इंस्ट्रूमेंट्स में भी लगा सकता है। इस वजह से फंड का प्रदर्शन केवल शेयर बाजार की दिशा पर निर्भर नहीं रहेगा, बल्कि उपलब्ध arbitrage opportunities, बाजार की स्थिति और लागत जैसे कई कारकों पर निर्भर करेगा।
क्या Arbitrage Fund पूरी तरह सुरक्षित होता है?
नहीं। Arbitrage Fund को कम जोखिम वाला निवेश विकल्प माना जा सकता है लेकिन इसे risk-free investment नहीं समझना चाहिए। इस फंड के रिटर्न पर कई चीजों का असर पड़ सकता है, जैसे:
- कैश और फ्यूचर्स मार्केट में कीमतों का अंतर
- बाजार में उपलब्ध arbitrage opportunities
- ट्रांजैक्शन और अन्य लागत
- मार्केट की स्थिति
- डेट इंस्ट्रूमेंट्स से मिलने वाला रिटर्न
- फंड की निवेश रणनीति
इसलिए निवेश करने से पहले सिर्फ कम volatility देखकर फैसला नहीं करना चाहिए।
Arbitrage Fund पर कैसे लगता है टैक्स?
Arbitrage Fund को आमतौर पर equity-oriented mutual fund की तरह टैक्स किया जाता है, क्योंकि इसमें निर्धारित स्तर की इक्विटी एक्सपोजर होती है। अगर निवेश को 12 महीने या उससे कम अवधि में बेचा जाता है, तो शॉर्ट-टर्म कैपिटल गेन पर 20% टैक्स लागू होता है। वहीं 12 महीने से ज्यादा अवधि के निवेश पर लॉन्ग-टर्म कैपिटल गेन के नियम लागू होते हैं। मौजूदा नियमों के तहत एक वित्त वर्ष में ₹1.25 लाख से ज्यादा के लॉन्ग-टर्म कैपिटल गेन पर 12.5% टैक्स लगता है। हालांकि निवेश से पहले मौजूदा टैक्स नियमों और अपनी व्यक्तिगत टैक्स स्थिति को जरूर देखना चाहिए।
₹5,000 से निवेश, लेकिन फैसला करने से पहले ये बातें समझें
Zerodha Arbitrage Fund में ₹5,000 की न्यूनतम रकम से शुरुआत की जा सकती है। कम एंट्री अमाउंट इसे छोटे निवेशकों के लिए भी आसान बनाता है। लेकिन केवल न्यूनतम निवेश देखकर किसी फंड में पैसा लगाना सही रणनीति नहीं है। निवेशक को अपनी जरूरत, निवेश की अवधि, पैसे की liquidity, संभावित रिटर्न, exit load और फंड से जुड़े खर्चों को समझने के बाद ही फैसला लेना चाहिए।
Zerodha Fund House के बारे में
Zerodha Fund House, Zerodha और smallcase का joint venture है। फंड हाउस पहले से index funds, ETFs और fund-of-funds जैसे निवेश विकल्प उपलब्ध कराता है। कंपनी के अनुसार, उसके प्लेटफॉर्म पर 12.5 लाख से ज्यादा निवेशक जुड़े हुए हैं।
